रांची: राज्य निर्वाचन आयोग ने झारखंड के सभी 48 नगर निकायों में आरक्षण और वार्डों के निर्धारण की प्रक्रिया पूरी कर ली है। इस नए निर्धारण के साथ ही राज्य में निकाय चुनाव का रास्ता साफ हो गया है। आयोग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, इस बार 48 निकायों में से 25 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित की गई हैं।
रांची में मेयर पद पर बड़ा बदलाव
राजधानी रांची के लिए इस बार का चुनाव ऐतिहासिक होगा। लंबे समय के बाद रांची नगर निगम में मेयर का पद अनुसूचित जनजाति (ST) के लिए आरक्षित किया गया है, लेकिन यह सीट ‘अनारक्षित’ (अन्य) श्रेणी में है। इसका मतलब यह है कि रांची में इस बार महिला नहीं, बल्कि पुरुष उम्मीदवार भी मेयर पद के लिए चुनाव लड़ सकेंगे।
मुख्य बिंदु:
आदित्यपुर नगर निगम: यहाँ भी मेयर का पद अनुसूचित जनजाति (ST) के लिए आरक्षित है।
अनारक्षित सीटें: मेदिनीनगर, धनबाद, देवघर, चास और गिरिडीह में मेयर/अध्यक्ष की सीट अनारक्षित रखी गई है।
नगर पंचायतें: राज्य की 19 नगर पंचायतों में से 9 सीटें अनारक्षित हैं, जबकि अन्य को विभिन्न श्रेणियों (SC/ST/OBC) और महिलाओं के लिए आरक्षित किया गया है।
निकायवार आरक्षण की स्थिति (एक नजर में):
| नगर निगम | आरक्षण श्रेणी | वर्ग (महिला/अन्य) | विवरण |
| रांची | अनुसूचित जनजाति | अन्य | पुरुष/महिला दोनों |
| धनबाद | अनारक्षित | अन्य | – |
| देवघर | अनारक्षित | अन्य | – |
| आदित्यपुर | अनुसूचित जनजाति | अन्य | – |
| हजारीबाग | पिछड़ा वर्ग – 1 | महिला | केवल महिला |
| चास | अनारक्षित | अन्य | – |
नगर परिषद और पंचायतों का हाल
नगर परिषदों में लोहर्दगा, गुमला, सिमडेगा और दुमका जैसी सीटों पर भी आरक्षण का निर्धारण जनसंख्या के अनुपात में किया गया है। 19 नगर पंचायतों में से बड़की सरैया, हरिहरगंज, और नगर उंटारी जैसी जगहों पर आरक्षण की स्थिति स्पष्ट कर दी गई है।
विशेष नोट: निर्वाचन आयोग ने साफ किया है कि आरक्षण का निर्धारण 2011 की जनगणना के आधार पर जनसंख्या के अनुपात को ध्यान में रखते हुए किया गया है।
चुनाव से जुड़ी अन्य महत्वपूर्ण जानकारी
- मतदान का समय: अधिसूचना इसी माह (जनवरी 2026) जारी होने की संभावना है, और मतदान फरवरी के अंत या मार्च 2026 में हो सकता है।
- बैलट पेपर से चुनाव: वर्तमान चर्चाओं के अनुसार, चुनाव बैलट पेपर के माध्यम से कराए जा सकते हैं।
- दो बच्चों का नियम: चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि 9 फरवरी 2013 के बाद तीसरे बच्चे वाले उम्मीदवार चुनाव नहीं लड़ पाएंगे।
रांची मेयर चुनाव: पुरुषों को मिला मौका
रांची नगर निगम के इतिहास में इस बार एक बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है:
- अनारक्षित (ST – अन्य) श्रेणी: रांची नगर निगम के मेयर का पद इस बार अनुसूचित जनजाति (ST) – अन्य के लिए आरक्षित किया गया है।
- पुरुषों की दावेदारी: पिछले चुनावों में यह सीट ‘अनुसूचित जनजाति महिला’ के लिए आरक्षित रहती आई थी (जैसे आशा लकड़ा और रमा खलखो मेयर रही हैं)। इस बार “महिला” के बजाय सिर्फ “अनुसूचित जनजाति” के लिए आरक्षित होने के कारण अब पुरुष प्रत्याशी भी मेयर पद के लिए चुनाव लड़ सकेंगे।
