रांची: आगामी ईद, सरहुल और रामनवमी के त्योहारों को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए रांची जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के निर्देशों के आलोक में उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी मंजूनाथ भजन्त्री की अध्यक्षता में समाहरणालय में एक उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन समेत जिले के तमाम आला अधिकारी मौजूद रहे।
संवेदनशील इलाकों में ड्रोन से निगरानी, सोशल मीडिया पर पैनी नजर
उपायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिया कि भीड़-भाड़ वाले और संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान कर वहां विशेष सतर्कता बरती जाए। सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाने के लिए ड्रोन कैमरों का सहारा लिया जाएगा। साथ ही, सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर भड़काऊ पोस्ट या अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ साइबर सेल को कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
त्योहारों के लिए विशेष गाइडलाइंस:
- ईद: नमाज स्थलों और ईदगाहों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहेगा। नगर निगम को साफ-सफाई और पेयजल सुनिश्चित करने का जिम्मा सौंपा गया है।
- सरहुल और रामनवमी: शोभायात्रा के सभी रूटों का फिजिकल वेरिफिकेशन किया जाएगा। ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान तैयार होगा।
- मानकों का पालन: पूजा समितियों से अपील की गई है कि वे माननीय उच्च न्यायालय के आदेशों का पालन करें। झंडों और झांकियों की ऊंचाई निर्धारित मानकों के भीतर रखें और मोटरसाइकिल रैली न निकालें।
- बच्चों की सुरक्षा: प्रशासन ने एक अनोखी और जरूरी अपील की है कि अभिभावक भीड़ में बच्चों के खोने की स्थिति से बचने के लिए उनके पॉकेट में मोबाइल नंबर लिखकर जरूर रखें।
बैठक में उपस्थित मुख्य अधिकारी
बैठक में ग्रामीण एसपी प्रवीण पुष्कर, नगर एसपी पारस राणा, यातायात एसपी राकेश सिंह, एडीएम (विधि-व्यवस्था) राजेश्वरनाथ आलोक और सदर एसडीओ कुमार रजत सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
“मुख्यमंत्री के निर्देशों का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित किया जाए। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए हम पूरी तरह तैयार हैं। आम नागरिक भी भाईचारे की परंपरा को बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें।” – मंजूनाथ भजन्त्री, उपायुक्त, रांची


