रिपोर्ट – अशोक कुमार महतो
रांची (सिल्ली): भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी कार्रवाई जारी रखते हुए भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB), रांची की टीम ने गुरुवार को बड़ी सफलता हासिल की है। टीम ने सिल्ली अंचल कार्यालय के अमीन गणेश महतो को ₹8,000 रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
क्या है पूरा मामला?
मिली जानकारी के अनुसार, सिल्ली थाना क्षेत्र के लोवादाग निवासी 65 वर्षीय बासुदेव महतो ने अपनी पुश्तैनी जमीन (खाता संख्या-13, प्लॉट संख्या-676) के करीब 20 डिसमिल हिस्से की मापी (नापी) के लिए 16 दिसंबर 2025 को ऑनलाइन आवेदन दिया था।
- नापी हुई, पर रिपोर्ट अटकी: 10 फरवरी 2026 को अमीन गणेश महतो ने जमीन की नापी तो कर दी, लेकिन इसके बाद खेल शुरू हुआ।
- रिश्वत की मांग: आरोप है कि अमीन ने नापी रिपोर्ट और नक्शा देने के बदले बासुदेव महतो से पैसों की मांग की। बासुदेव रिश्वत देने के पक्ष में नहीं थे, इसलिए उन्होंने सीधे ACB की शरण ली।
ACB की जांच और बिछाया गया जाल
शिकायत मिलने के बाद ACB ने मामले की गुप्त जांच (सत्यापन) कराई, जिसमें अमीन द्वारा रिश्वत मांगे जाने की पुष्टि हुई।
- FIR दर्ज: 18 फरवरी को भ्रष्टाचार निवारण (संशोधित) अधिनियम-2018 की धारा 7(a) के तहत कांड संख्या-08/26 दर्ज किया गया।
- रंगे हाथ गिरफ्तारी: गुरुवार को योजना के अनुसार, जैसे ही बासुदेव महतो ने अंचल कार्यालय में अमीन गणेश महतो को ₹8,000 थमाए, पहले से घात लगाकर बैठी ACB की टीम ने उसे दबोच लिया।
“भ्रष्टाचार पर प्रहार जारी है। किसी भी सरकारी काम के बदले अगर कोई अधिकारी या कर्मचारी रिश्वत मांगता है, तो तुरंत एसीबी को सूचित करें।” — एसीबी की अपील
क्षेत्र में हड़कंप
सिल्ली अंचल कार्यालय में हुई इस कार्रवाई के बाद कर्मचारियों और बिचौलियों के बीच हड़कंप मचा हुआ है। फिलहाल गिरफ्तार अमीन को रांची लाया गया है, जहाँ उससे पूछताछ के बाद जेल भेजने की तैयारी की जा रही है।
